असम सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने जालुकबारी सीट से किया जीत का दावा, कांग्रेस पर कसा तंज, कहा- मुझे छोटा आदमी बने रहने दो

गुवाहाटी: असम विधानसभा चुनाव का बिगुल बजते ही मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने अपनी परंपरागत जालुकबारी सीट से जीत को लेकर पूरा आत्मविश्वास दिखाया है। उन्होंने दावा किया है कि इस बार उनकी जीत का अंतर पिछली बार से भी बड़ा होगा। इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि उसे इतना

Mar 20, 2026 - 20:30
असम सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने जालुकबारी सीट से किया जीत का दावा, कांग्रेस पर कसा तंज, कहा- मुझे छोटा आदमी बने रहने दो

गुवाहाटी: असम विधानसभा चुनाव का बिगुल बजते ही मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने अपनी परंपरागत जालुकबारी सीट से जीत को लेकर पूरा आत्मविश्वास दिखाया है। उन्होंने दावा किया है कि इस बार उनकी जीत का अंतर पिछली बार से भी बड़ा होगा। इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि उसे इतना बड़ा न बनाया जाए।

सीएम सरमा ने अपने 30 साल के राजनीतिक करियर का जिक्र करते हुए कहा कि जालुकबारी के लोग अब उनके परिवार के सदस्य बन गए हैं। उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि इस बार जालुकबारी सीट से पिछली बार से थोड़ा ज्यादा वोट मिलना चाहिए। राजनीतिक करियर शुरू किए हुए करीब 30 साल हो गए, तो यहां के लोग मेरे परिवार का सदस्य बन गए हैं।”

‘मुझे इतना बड़ा मत बनाओ’

कांग्रेस द्वारा चुनाव को ‘हिमंत बनाम कांग्रेस’ बनाए जाने के सवाल पर मुख्यमंत्री ने एक दिलचस्प टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि इससे उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता, लेकिन कांग्रेस उन्हें इतना बड़ा क्यों बना रही है।

“अगर वो हेमंत बिस्वा शर्मा के साथ लड़ रहे हैं तो मैं तो एक इंस्टीट्यूशन बन जाऊंगा। आप सोचिए मैं जीतने के बाद कितना बड़ा बन जाऊंगा? मुझे इतना बड़ा मत बनाओ। मुझे छोटा आदमी बने रहने दो।”- हिमंत बिस्वा सरमा, मुख्यमंत्री, असम

उन्होंने साफ किया कि बीजेपी असमिया पहचान और विकास के दोहरे मुद्दों को लेकर जनता के बीच जा रही है। कांग्रेस से बीजेपी में शामिल होने वाले नेताओं को लेकर पार्टी में किसी भी तरह की नाराजगी से उन्होंने इनकार किया।

राजनीतिक सफर: हार से 1 लाख वोटों की जीत तक

अपने चुनावी सफर को याद करते हुए सीएम सरमा ने बताया कि कैसे उन्होंने हार को एक बड़ी जीत में बदला। उन्होंने कहा, “मैंने पहली बार चुनाव तब लड़ा था जब मैं 26 साल का था और करीब 12,000 वोटों से हार गया था।”

इसके बाद के चुनावों का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया:

  • 2001: 12,000 वोटों से जीत।
  • 2006: लगभग 24,000 वोटों से जीत।
  • 2011: 45,000 वोटों के अंतर से जीत।
  • पिछला चुनाव: 1 लाख वोटों से ऐतिहासिक जीत, जिसमें उन्हें लगभग 80% वोट मिले।

सीएम ने गौरव गोगोई के कथित पाकिस्तान लिंक मामले पर भी बात की और कहा कि संबंधित दस्तावेज केंद्र सरकार को भेज दिए गए हैं और अब आगे की कार्रवाई केंद्र सरकार तय करेगी।