अमेरिका के फ्यूल हब में जोरदार धमाका! टेक्सास की सबसे बड़ी रिफाइनरी में जानें क्या हुआ नुकसान?
टेक्सास के पोर्ट आर्थर में वलेरो एनर्जी की बड़ी रिफाइनरी में धमाके के बाद भीषण आग लग गई, जिससे इलाके में काला धुआं फैल गया। प्रशासन ने लोगों को घरों में रहने की सलाह दी है। फिलहाल किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है। यह रिफाइनरी अमेरिका के प्रमुख ईंधन केंद्रों में शामिल है।
Port Arthur: अमेरिका के टेक्सास राज्य में स्थित पोर्ट आर्थर की एक प्रमुख तेल रिफाइनरी में सोमवार देर रात जोरदार धमाका होने के बाद भीषण आग लग गई। यह हादसा वैलेरो एनर्जी की रिफाइनरी में हुआ, जिसे अमेरिका के सबसे महत्वपूर्ण ईंधन केंद्रों में गिना जाता है।
जानकारी के अनुसार, इस धमाके के बाद पूरे इलाके में काले धुएं का घना गुबार छा गया, जिससे लोगों में दहशत फैल गई।
इंडस्ट्रियल हीटर में ब्लास्ट बना हादसे की वजह
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, रिफाइनरी के एक इंडस्ट्रियल हीटर में विस्फोट हुआ, जिसने देखते ही देखते आग का रूप ले लिया। यह रिफाइनरी प्रतिदिन लगभग 3.8 लाख बैरल तेल प्रोसेस करने की क्षमता रखती है, जिससे इसकी अहमियत और बढ़ जाती है।
लोगों को घरों में रहने की सलाह
घटना के बाद प्रशासन ने तुरंत आसपास के क्षेत्रों के लिए “शेल्टर-इन-प्लेस” अलर्ट जारी कर दिया। पोर्ट आर्थर (Port Arthur) के साथ-साथ पास के इलाकों ग्रोव्स और नीदरलैंड में भी धमाके की गूंज महसूस की गई। अधिकारियों ने लोगों को घरों के अंदर रहने, खिड़कियां और दरवाजे बंद रखने की सलाह दी, ताकि जहरीले धुएं से बचा जा सके।
राहत और बचाव कार्य जारी
जानकारी के अनुसार, आपातकालीन सेवाएं तुरंत मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाने का प्रयास जारी है। फिलहाल किसी के घायल होने या जान-माल के नुकसान की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। कंपनी की ओर से भी इस घटना पर कोई विस्तृत बयान सामने नहीं आया है। प्रशासन पूरे मामले की जांच में जुट गया है।
ईंधन सप्लाई पर पड़ सकता है असर
यह रिफाइनरी अमेरिका के ‘गल्फ कोस्ट’ रिफाइनिंग नेटवर्क का अहम हिस्सा है, जो देश की ईंधन आपूर्ति में बड़ी भूमिका निभाता है। ऐसे में इस घटना के कारण उत्पादन प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है, जिसका असर व्यापक स्तर पर पड़ सकता है। गौरतलब है कि सोमवार देर रात हुए इस बड़े हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी और डर का माहौल फैल गया। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक जिस रिफाइनरी में विस्फोट हुआ, वह देश की प्रमुख और सबसे बड़ी तेल शोधन इकाइयों में शामिल है, जिससे इसकी गंभीरता और भी बढ़ जाती है।