ग्वालियर: जिला प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, धार्मिक संपत्तियों को अवैध कब्जों से कराया मुक्त, अब 107 बीघा जमीन पर रामजानकी मंदिर का अधिकार

ग्वालियर जिला प्रशासन ने अपनी विशेष मुहिम को आगे बढ़ाते हुए, भितरवार तहसील के झांकरी गांव में श्री रामजानकी ट्रस्ट रानी घाटी मंदिर की 107 बीघा बेशकीमती भूमि को दशकों पुराने अतिक्रमण से मुक्त कराया है। बाजार में जिसकी अनुमानित कीमत 11 करोड़ रुपए से अधिक आंकी जा रही है, इस भूमि पर पिछले 25

Jun 8, 2026 - 21:30
ग्वालियर: जिला प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, धार्मिक संपत्तियों को अवैध कब्जों से कराया मुक्त, अब 107 बीघा जमीन पर रामजानकी मंदिर का अधिकार

ग्वालियर जिला प्रशासन ने अपनी विशेष मुहिम को आगे बढ़ाते हुए, भितरवार तहसील के झांकरी गांव में श्री रामजानकी ट्रस्ट रानी घाटी मंदिर की 107 बीघा बेशकीमती भूमि को दशकों पुराने अतिक्रमण से मुक्त कराया है। बाजार में जिसकी अनुमानित कीमत 11 करोड़ रुपए से अधिक आंकी जा रही है, इस भूमि पर पिछले 25 से 30 सालों से करीब 35 अतिक्रमणकारियों ने अवैध कब्जा जमा रखा था। प्रभारी कलेक्टर कुमार सत्यम के स्पष्ट निर्देशों पर यह बड़ी कार्रवाई अंजाम दी गई, जिसके तहत सरकारी और धार्मिक संस्थाओं की जमीनों को अवैध कब्जों से आज़ाद कराने का अभियान निरंतर जारी है।

सोमवार को राजस्व विभाग और भारी पुलिस बल की मौजूदगी में मौके पर ही पूरी प्रक्रिया संपन्न की गई। अतिक्रमणकारियों को खदेड़ने के बाद, मंदिर की इस महत्वपूर्ण भूमि का विधिवत कब्जा कानूनी प्रक्रिया के तहत मंदिर के पुजारी कमलानंद महाराज को सौंप दिया गया। पुजारी ने मौके पर ही जमीन की सीमाओं का निर्धारण कर निशान लगाए और अपना अधिकार प्राप्त किया। यह कार्रवाई प्रशासन की उस प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जिसके तहत सार्वजनिक और धार्मिक संपत्तियों को अवैध कब्जे से मुक्त कराकर उनके मूल उद्देश्य के लिए सुरक्षित किया जा रहा है।

107 बीघा भूमि को ​कराया गया अतिक्रमण मुक्त

जानकारी के अनुसार, जिस 107 बीघा भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया है, वह झांकरी गांव में स्थित है और श्री रामजानकी ट्रस्ट रानी घाटी मंदिर से संबंधित है। यह भूमि कई वर्षों से असामाजिक तत्वों द्वारा अवैध रूप से हथिया ली गई थी, जिससे मंदिर के कार्यों और ट्रस्ट की गतिविधियों में बाधा आ रही थी। 30 साल से अधिक समय से चले आ रहे इस कब्जे को हटाना प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती थी, जिसे सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया।

एसडीएम और एसडीओपी की निगरानी में चला अतिक्रमण हटाओ अभियान

इस वृहद कार्रवाई के दौरान भितरवार एसडीएम राजीव समाधिया, एसडीओपी जितेंद्र नगाइच, तहसीलदार रुचि अग्रवाल, नायब तहसीलदार पूजा मावई और भितरवार थाना प्रभारी सुधीर सिंह कुशवाहा सहित राजस्व विभाग के अनेकों अधिकारी-कर्मचारी और भारी पुलिस बल मौके पर मुस्तैद रहा। अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान के माध्यम से न केवल वर्तमान अतिक्रमणों को हटाया जा रहा है, बल्कि भविष्य में ऐसे कब्जों को रोकने के लिए भी पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं।

सरकारी व धार्मिक जमीनों से अतिक्रमण हटाने का अभियान जारी

जिला प्रशासन ने यह स्पष्ट कर दिया है कि सरकारी और धार्मिक संस्थाओं की जमीनों से अवैध कब्जा हटाने का यह अभियान आगे भी इसी प्रकार पूरी दृढ़ता के साथ जारी रहेगा। एसडीएम राजीव समाधिया ने इस बात पर जोर दिया कि कलेक्टर के स्पष्ट आदेशों के तहत रानी घाटी ट्रस्ट की इस भूमि को पूरी तरह से खाली करा लिया गया है और अब यह सुनिश्चित किया जाएगा कि भविष्य में इस पर कोई नया अतिक्रमण न हो। प्रशासन ऐसी सभी जमीनों पर नजर बनाए हुए है, जिनका दुरुपयोग हो रहा है या जिन पर अवैध कब्जा जमाया गया है, ताकि उन्हें पुनः जनहित और मूल उद्देश्य के लिए उपयोग में लाया जा सके।

Anand Sahay पत्रकारिता के क्षेत्र में कई वर्षों का अनुभव है और ब्रेकिंग न्यूज़ तथा राष्ट्रीय खबरों को कवर करने में विशेष रुचि रखते हैं। महत्वपूर्ण घटनाओं का विश्लेषण कर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाता है।