इंदौर में वंदे मातरम के 150 साल पूरे होने पर निकली भव्य तिरंगा यात्रा, देशभक्ति के रंग में रंगा शहर
देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के तक्षशिला परिसर से शुरू हुई राष्ट्रपथ तिरंगा यात्रा ने पूरे इंदौर शहर को देशभक्ति के रंग में रंग दिया। वंदे मातरम गीत के गौरवशाली 150 वर्ष पूरे होने के मौके पर आयोजित इस यात्रा में इंदौर के युवाओं ने विकसित भारत के जयघोष के साथ अपनी भागीदारी दर्ज कराई। देश की
देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के तक्षशिला परिसर से शुरू हुई राष्ट्रपथ तिरंगा यात्रा ने पूरे इंदौर शहर को देशभक्ति के रंग में रंग दिया। वंदे मातरम गीत के गौरवशाली 150 वर्ष पूरे होने के मौके पर आयोजित इस यात्रा में इंदौर के युवाओं ने विकसित भारत के जयघोष के साथ अपनी भागीदारी दर्ज कराई। देश की आजादी और लोगों में राष्ट्रभक्ति की भावना जगाने वाले वंदे मातरम गीत के इस खास वर्ष को मनाने के लिए राष्ट्रपथ तिरंगा यात्रा समिति ने इस आयोजन की तैयारी की थी। इस राष्ट्रपथ तिरंगा यात्रा में इंदौर के अलग-अलग इलाकों से आए युवाओं और आम लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
यह भव्य तिरंगा यात्रा देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के तक्षशिला परिसर से उत्साह के साथ शुरू हुई। इसके बाद यात्रा भंवरकुआं चौराहे की ओर बढ़ी, जहां राष्ट्रभक्तों ने टंट्यामामा की प्रतिमा पर नमन किया। इसके बाद यात्रा राजीव गांधी चौराहे की ओर गई और फिर भंवरकुआं होते हुए वापस देवी अहिल्या विश्वविद्यालय परिसर पहुंची। यहां यात्रा का समापन हुआ। समापन के मौके पर मौजूद सभी लोगों ने एक साथ पूरे सम्मान के साथ वंदे मातरम गीत गाया। पूरी यात्रा के दौरान देशभक्ति का माहौल देखने को मिला। समाज के अलग-अलग वर्गों के लोगों के साथ कई जनप्रतिनिधि भी यात्रा में शामिल हुए।
देशभक्ति गीतों से बढ़ा उत्साह
यात्रा शुरू होने से पहले आयोजन स्थल पर बनाए गए मुख्य मंच से कलाकारों ने कई देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति दी। इन जोश से भरी प्रस्तुतियों ने वहां मौजूद लोगों में राष्ट्रभक्ति का उत्साह और बढ़ा दिया। कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों पर लोगों ने तालियां बजाकर उनका उत्साह बढ़ाया। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय युवा और भाजपा कार्यकर्ता भी हाथों में राष्ट्रीय ध्वज लेकर मौजूद रहे।
ट्रैफिक व्यवस्था के लिए बनाया गया खास प्लान
यात्रा के सुचारू संचालन और शहर की ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए ट्रैफिक पुलिस ने पहले से ही विस्तृत प्लान तैयार किया था। ट्रैफिक पुलिस की व्यवस्था के कारण यात्रा के रास्ते में यातायात सामान्य रूप से चलता रहा और किसी तरह की अव्यवस्था नहीं हुई। यात्रा में शामिल लोग अनुशासन के साथ हाथों में तिरंगा लेकर आगे बढ़ते रहे। राष्ट्रपथ तिरंगा यात्रा समिति के इस आयोजन ने इंदौर के युवाओं को देश के विकास और राष्ट्र गौरव के लिए एक बार फिर संकल्प लेने का संदेश दिया। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को वंदे मातरम के महत्व और स्वतंत्रता संग्राम के गौरवशाली इतिहास से परिचित कराना था। युवाओं का उत्साह इस बात का प्रमाण रहा कि देश का युवा आज भी राष्ट्रभक्ति की भावना से पूरी तरह जुड़ा हुआ है।