प्रधानमंत्री मोदी ने केरल के पलक्कड़ में जनसभा को किया संबोधित, LDF-UDF पर साधा निशाना, बड़े घोटाले का लगाया आरोप

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विधानसभा चुनाव से पहले केरल के पलक्कड़ में एक जनसभा को संबोधित करते हुए राज्य की LDF और UDF सरकारों पर सीधे-सीधे भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए। पीएम मोदी ने कहा कि केरल पर आज पांच लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का कर्ज है। यह आंकड़ा सिर्फ़ दस सालों में तीन

Mar 29, 2026 - 17:30
प्रधानमंत्री मोदी ने केरल के पलक्कड़ में जनसभा को किया संबोधित, LDF-UDF पर साधा निशाना, बड़े घोटाले का लगाया आरोप

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विधानसभा चुनाव से पहले केरल के पलक्कड़ में एक जनसभा को संबोधित करते हुए राज्य की LDF और UDF सरकारों पर सीधे-सीधे भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए। पीएम मोदी ने कहा कि केरल पर आज पांच लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का कर्ज है। यह आंकड़ा सिर्फ़ दस सालों में तीन गुना हो गया है। उन्होंने साफ कहा कि केरल के लोग जवाब मांग रहे हैं, यह सारा पैसा कहां गया, और इसका जवाब साफ है कि यह LDF की जेबों में चला गया है।

पीएम मोदी ने मंच से यह भी स्पष्ट किया कि यदि बीजेपी सत्ता में आती है, तो LDF और UDF द्वारा किए गए सभी घोटालों की गहन जांच की जाएगी और न्याय सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि इसी आशंका ने इन दोनों पार्टियों की रातों की नींद उड़ा दी है और यही वजह है कि दोनों बीजेपी को निशाना बना रही हैं।

पीएम मोदी ने प्रतिष्ठित ढोल ‘चेंडा’ पर आजमाया हाथ

इस दौरान, प्रधानमंत्री मोदी ने केरल की पारंपरिक संस्कृति में खुद को ढाला। उन्होंने केरल की पारंपरिक मुंडू (धोती) पहनी थी, जो स्थानीय लोगों से जुड़ाव का प्रतीक था। इतना ही नहीं, उन्होंने मंच पर केरल के एक प्रतिष्ठित ढोल ‘चेंडा’ पर भी हाथ आजमाया। मुस्कुराते हुए कुछ देर तक उन्होंने ढोल को बजाया, जिससे जनसभा में मौजूद लोगों में उत्साह बढ़ गया। यह पल स्थानीय संस्कृति के प्रति उनके सम्मान को दर्शाता था।

केरल दे रहा बदलाव का स्पष्ट संदेश- पीएम मोदी

अपने संबोधन में पीएम मोदी ने कहा कि इस बार उन्हें केरल में एक अलग ही माहौल दिख रहा है, एक ऐसा माहौल जो बदलाव का स्पष्ट संदेश दे रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि केरल के युवा, महिलाएं और किसान बीजेपी और NDA के लिए विश्वास और समर्थन में एकजुट हैं। उनके अनुसार, केरल में यह बदलाव लोगों के आशीर्वाद, बीजेपी कार्यकर्ताओं की अथक मेहनत और उनके बलिदान से आया है। यह दर्शाता है कि राज्य में राजनीतिक समीकरण बदल रहे हैं और लोग एक नए विकल्प की तलाश में हैं।

प्रधानमंत्री ने जनसभा में मौजूद विशाल भीड़ को संबोधित करते हुए कहा, “एनडीए की बढ़ती लोकप्रियता, बीजेपी के प्रति बढ़ता लोगों का विश्वास, आज आप सबका ये उत्साह और ये समर्थन, इतनी बड़ी संख्या में आप सबकी उपस्थिति ये बता रहा है कि करेलम का मूड एक मूवमेंट बन चुका है।” यह बयान बीजेपी की राज्य में बढ़ती पकड़ और लोगों के बीच उसकी स्वीकार्यता को दिखाता है।

केरल के लोगों का विश्वास बीजेपी और एनडीए है- पीएम मोदी

पीएम मोदी ने अपने भाषण में केरल के विभिन्न वर्गों को बीजेपी से जोड़ने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि अब केरलम के युवाओं का विश्वास बीजेपी और एनडीए है। इसी तरह, उन्होंने कहा कि केरलम की महिलाओं का स्नेह बीजेपी और एनडीए है। और अब केरलम के किसानों का प्रेम भी बीजेपी और एनडीए है। यह अलग-अलग वर्गों का जिक्र कर उन्होंने बीजेपी को एक सर्व-समावेशी पार्टी के रूप में पेश करने का प्रयास किया, जो राज्य के हर वर्ग के हितों का प्रतिनिधित्व करती है।

पीएम मोदी ने LDF और UDF पर लगाया घोटाले का आरोप

भ्रष्टाचार के मुद्दे पर लौटते हुए, पीएम मोदी ने LDF और UDF दोनों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ये दोनों दल बीजेपी को इसलिए निशाना बना रहे हैं, क्योंकि उन्हें डर है कि यह पार्टी उनके पिछले कुकर्मों का पर्दाफाश कर देगी। उन्होंने आरोप लगाया कि दशकों से LDF और UDF बड़े-बड़े घोटालों में लिप्त रहे हैं, फिर भी उन्होंने कभी एक-दूसरे के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। इसके बजाय, उन्होंने केवल खोखले बयान जारी करने का रास्ता चुना।

प्रधानमंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि बीजेपी सत्ता में आने पर एक अलग नीति अपनाएगी। उन्होंने कहा कि यदि बीजेपी को केरल में सरकार बनाने का मौका मिलता है, तो LDF और UDF द्वारा किए गए सभी घोटालों की गहन जांच की जाएगी और न्याय सुनिश्चित किया जाएगा। इस वादे ने राज्य की राजनीति में भूचाल ला दिया है, क्योंकि यह सीधे तौर पर दशकों से चले आ रहे राजनीतिक गठजोड़ों और समझौतों को चुनौती देता है।

पीएम मोदी ने उठाया राज्य कर्ज का मुद्दा

केरल की आर्थिक स्थिति पर बात करते हुए, पीएम मोदी ने 5 लाख करोड़ रुपये से अधिक के राज्य कर्ज का मुद्दा उठाया। उन्होंने बताया कि यह कर्ज पिछले दस सालों में तीन गुना हो गया है, जो राज्य के वित्तीय कुप्रबंधन का एक स्पष्ट संकेत है। उन्होंने सीधे तौर पर सवाल उठाया कि यह सारा पैसा कहां गया, और फिर खुद ही जवाब दिया कि यह पैसा LDF की जेबों में चला गया है। यह आरोप LDF सरकार पर सीधे तौर पर वित्तीय अनियमितताओं और भ्रष्टाचार का इशारा करता है।

कुल मिलाकर, पलक्कड़ में प्रधानमंत्री मोदी का संबोधन न केवल चुनावी बिगुल बजाने वाला था, बल्कि यह बीजेपी की केरल रणनीति का भी स्पष्ट संकेत था। सांस्कृतिक जुड़ाव, भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़ा रुख और राज्य के युवाओं, महिलाओं तथा किसानों को साधने की कोशिश, इन सभी बिंदुओं पर उनका जोर रहा। उन्होंने केरल में बदलाव की एक मजबूत लहर का दावा किया और राज्य के लोगों को बीजेपी के साथ आकर इस बदलाव का हिस्सा बनने का आह्वान किया।