पीएम आवास योजना की तीसरी किस्त जारी करने के लिए सहायक ​सचिव ने ली रिश्वत, EOW की टीम ने रंगे हाथ पकड़ा

ग्वालियर आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) की टीम ने रिश्वतखोरी के एक बड़े मामले का पर्दाफाश करते हुए डबरा के ग्राम लिधौरा में पदस्थ एक सहायक सचिव को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई प्रधानमंत्री आवास योजना की तीसरी किस्त जारी करने के नाम पर ₹5 हजार की रिश्वत लेते हुए की गई। EOW के

Aug 4, 2026 - 22:30
पीएम आवास योजना की तीसरी किस्त जारी करने के लिए सहायक ​सचिव ने ली रिश्वत, EOW की टीम ने रंगे हाथ पकड़ा

ग्वालियर आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) की टीम ने रिश्वतखोरी के एक बड़े मामले का पर्दाफाश करते हुए डबरा के ग्राम लिधौरा में पदस्थ एक सहायक सचिव को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई प्रधानमंत्री आवास योजना की तीसरी किस्त जारी करने के नाम पर ₹5 हजार की रिश्वत लेते हुए की गई। EOW के अधिकारियों ने बताया कि आरोपी को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया गया है और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है। इस गिरफ्तारी से क्षेत्र में सरकारी योजनाओं में व्याप्त भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।

EOW (ग्वालियर) के अनुसार, ग्राम लिधौरा निवासी अजय कुशवाहा द्वारा प्रकोष्ठ में एक लिखित शिकायत दर्ज करवाई गई थी। उसने प्रकोष्ठ को बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत उसे मिलने वाली तीसरी किस्त को जारी करवाने के लिए ग्राम लिधौरा के सहायक सचिव सोनू शर्मा द्वारा ₹5 हजार की रिश्वत की मांग की जा रही थी। शिकायतकर्ता ने अपनी बात रखते हुए कहा कि बिना रिश्वत दिए उसका काम नहीं किया जा रहा था, जिससे उसे आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। प्रधानमंत्री आवास योजना जैसी महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजना में इस प्रकार की रिश्वतखोरी से गरीब और जरूरतमंद लाभार्थियों को सीधे तौर पर नुकसान हो रहा था।

EOW ने जांच के बाद रची ट्रैप कार्रवाई की पूरी रणनीति

शिकायत मिलने के बाद, EOW ग्वालियर की टीम ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल शिकायत का सत्यापन करने का निर्णय लिया। प्रकोष्ठ के अधिकारियों ने शिकायतकर्ता द्वारा बताए गए तथ्यों की गहनता से जांच की। सत्यापन के दौरान यह पाया गया कि सहायक सचिव सोनू शर्मा वास्तव में अजय कुशवाहा से प्रधानमंत्री आवास योजना की तीसरी किस्त जारी करने के एवज में ₹5 हजार की अवैध मांग कर रहा था। शिकायत के सही पाए जाने के बाद, EOW ने आरोपी को रंगे हाथ पकड़ने के लिए एक सुनियोजित ट्रैप कार्रवाई की योजना बनाई। इस योजना में रिश्वत की राशि और उसे देने के तरीके को भी शामिल किया गया ताकि आरोपी को मौके पर ही पकड़ा जा सके।

रिश्वत जेब में रखते ही EOW ने आरोपी को रंगे हाथ दबोचा

योजना के अनुसार, EOW की टीम ने पूरी तैयारी के साथ डबरा के पिछोर थाना क्षेत्र के ग्राम लिधौरा में जाल बिछाया। तय समय और स्थान पर शिकायतकर्ता अजय कुशवाहा को सहायक सचिव सोनू शर्मा को रिश्वत की राशि देने के लिए भेजा गया। EOW की टीम ने अपनी रणनीति के तहत घटनास्थल के आसपास गोपनीय तरीके से अपनी उपस्थिति सुनिश्चित की थी। जैसे ही सहायक सचिव सोनू शर्मा ने शिकायतकर्ता से ₹5 हजार की रिश्वत की राशि प्राप्त की और उसे अपनी जेब में रखा, EOW की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे रंगे हाथ पकड़ लिया। इस दौरान आरोपी के पास से रिश्वत की राशि भी बरामद की गई, जो कि ट्रैप कार्रवाई का एक महत्वपूर्ण हिस्सा था।

आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज

EOW डीएसपी शैलेंद्र सिंह कुशवाहा ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि सहायक सचिव सोनू शर्मा को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत गिरफ्तार किया गया है। आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और उससे आगे की पूछताछ की जा रही है। उन्होंने यह भी बताया कि इस मामले में अन्य किसी की संलिप्तता की भी जांच की जाएगी और यदि कोई और व्यक्ति दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। यह कार्रवाई भ्रष्टाचार के खिलाफ EOW की प्रतिबद्धता को दर्शाती है और आम जनता को यह संदेश देती है कि भ्रष्टाचार को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। EOW की टीम इस तरह के मामलों में लगातार सक्रिय है और सरकारी विभागों में व्याप्त भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि जनहितकारी योजनाएं बिना किसी बाधा के लाभार्थियों तक पहुंच सकें।

Anand Sahay पत्रकारिता के क्षेत्र में कई वर्षों का अनुभव है और ब्रेकिंग न्यूज़ तथा राष्ट्रीय खबरों को कवर करने में विशेष रुचि रखते हैं। महत्वपूर्ण घटनाओं का विश्लेषण कर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाता है।