शिक्षकों ने नहीं लगाई ई-अटेंडेंस, वेतन निकालने की सिफारिश करने वाले संकुल प्राचार्य होंगे निलंबित, DEO पर भी लटकी तलवार
मध्य प्रदेश स्कूल शिक्षा विभाग ने 1 जुलाई से हमारे शिक्षक एप पर ई-अटेंडेंस लगाना अनिवार्य कर दिया है, ऐसा नहीं करने वाले शिक्षकों का उस दिन का वेतन काटा जायेगा, इस नियम का पालन शिक्षक, अतिथि शिक्षक सहित शिक्षा विभाग में कार्यरत अधिकारी और कर्मचारी सभी को करना होगा, निर्देशों के बावजूद जब 1
मध्य प्रदेश स्कूल शिक्षा विभाग ने 1 जुलाई से हमारे शिक्षक एप पर ई-अटेंडेंस लगाना अनिवार्य कर दिया है, ऐसा नहीं करने वाले शिक्षकों का उस दिन का वेतन काटा जायेगा, इस नियम का पालन शिक्षक, अतिथि शिक्षक सहित शिक्षा विभाग में कार्यरत अधिकारी और कर्मचारी सभी को करना होगा, निर्देशों के बावजूद जब 1 जुलाई को इसे चैक किया गया तो 90 प्रतिशत शिक्षकों ने ही इस आदेश का पालन किया इसके बाद शिक्षा आयुक्त ने नया सख्त आदेश निकाला दिया जिसमें संकुल प्राचार्य पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
आयुक्त लोक शिक्षण अभिषेक सिंह ने 1 जुलाई की शाम एक आदेश जारी किया, संभागीय संयुक्त संचालक और जिला शिक्षा अधिकारियों को संबोधित इस आदेश में उन्होंने बताया कि निर्देशित किया गया था कि सभी शिक्षकों को ई अटेंडेंस लगाना अनिवार्य है इसके साथ ही ये भी निर्देशित किया गया था कि जो शिक्षक ई अटेंडेंस नहीं लगाये उसका वेतन काटा जाये।
वेतन नहीं काटने वाले संकुल प्राचार्य होंगे निलंबित
आयुक्त ने आगे लिखा – इन निर्देशों के बावजूद ई अटेंडेंस पर शिक्षकों की उपस्थिति 90 प्रतिशत है यानि 10 प्रतिशत शिक्षकों ने ई अटेंडेंस निर्देश का पालन नहीं किया जो शासन के निर्देशों का उल्लंघन है इसलिए ऐसे संकुल प्राचार्य जिन्होंने इन शिक्षकों का वेतन नहीं काटा और उनका पूरा वेतन निकालने की अनुशंसा की है उनके विरुद्ध निलंबन / अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाये।
DEO को आज भेजनी होगी रिपोर्ट, वर्ना होगा एक्शन
आयुक्त ने संभागीय संयुक्त संचालक और जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया है कि लापरवाह संकुल प्राचार्यों पर कार्रवाई कर उसकी जानकारी आज 2 जुलाई तक संचालनालय को भेजें, उन्होंने स्पष्ट किया है कि यदि इस आदेश का पालन समय सीमा में नहीं होता है तो संबंधित संयुक्त संचालक और जिला शिक्षा अधिकारी के विरुद्ध भी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।