कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने की पीएम मोदी के संबोधन की आलोचना, कहा- छोटा भाषण हमेशा की तरह पक्षपातपूर्ण डायलॉगबाजी का एक मास्टर क्लास था

नई दिल्ली: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और संचार प्रभारी जयराम रमेश ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकसभा में दिए गए हालिया भाषण की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के माध्यम से प्रधानमंत्री के भाषण को ‘असामान्य रूप से छोटा’ बताते हुए इसे आत्मप्रशंसा, कायरता और पक्षपातपूर्ण संवाद का

Mar 23, 2026 - 22:30
कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने की पीएम मोदी के संबोधन की आलोचना, कहा- छोटा भाषण हमेशा की तरह पक्षपातपूर्ण डायलॉगबाजी का एक मास्टर क्लास था

नई दिल्ली: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और संचार प्रभारी जयराम रमेश ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकसभा में दिए गए हालिया भाषण की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के माध्यम से प्रधानमंत्री के भाषण को ‘असामान्य रूप से छोटा’ बताते हुए इसे आत्मप्रशंसा, कायरता और पक्षपातपूर्ण संवाद का एक ‘मास्टर क्लास’ करार दिया।

रमेश ने अपने पोस्ट में कई महत्वपूर्ण राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों का जिक्र किया, जिन पर उनके अनुसार प्रधानमंत्री ने या तो चुप्पी साधे रखी या भ्रामक जानकारी दी।

ईरान पर हमलों के मुद्दे पर चुप्पी

जयराम रमेश ने इस बात पर जोर दिया कि प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में ईरान पर अमेरिका और इज़रायल द्वारा किए जा रहे हवाई हमलों की निंदा में एक शब्द भी नहीं कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि खाड़ी देशों पर ईरान का हमला पूरी तरह से अस्वीकार्य है, लेकिन साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि शासन परिवर्तन के उद्देश्य से ईरान पर लगातार हो रही बमबारी भी उतनी ही गलत और अस्वीकार्य है।

आर्थिक विकास के दावों पर सवालिया निशान

कांग्रेस नेता ने भारत की आर्थिक वृद्धि को लेकर प्रधानमंत्री द्वारा की गई ‘शेखी’ पर भी सवाल उठाए। उन्होंने याद दिलाया कि कुछ ही दिन पहले सरकार के ही पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार (CEA) ने सार्वजनिक रूप से चेतावनी दी थी कि पीएम मोदी के कार्यकाल में भारत के आर्थिक विकास के आंकड़ों को काफी बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया गया है। रमेश ने आरोप लगाया, “प्रधानमंत्री शायद यह मानते हैं कि यदि वे इस बेहद विश्वसनीय और चिंताजनक रिपोर्ट पर बात ही नहीं करेंगे, तो यह मुद्दा अपने आप खत्म हो जाएगा।”

कोविड-19 महामारी का दर्दनाक दौर

अंत में, जयराम रमेश ने प्रधानमंत्री द्वारा कोविड-19 महामारी के उल्लेख को ‘चिंताजनक’ बताया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की प्रतिक्रिया अभूतपूर्व रूप से विनाशकारी थी। उन्होंने देश को उस दर्दनाक दौर की याद दिलाते हुए कहा, “देश उन बेहद दर्दनाक दृश्यों को नहीं भूल सकता जो उस समय आम हो गए थे-लाखों प्रवासी मजदूरों का नंगे पैर अपने घरों की ओर पैदल चलना, ऑक्सीजन की कमी से हजारों लोगों की मौत, और लाखों लोगों का बेरोजगार हो जाना।” उन्होंने उम्मीद जताई कि इस बार सरकार की तैयारी बेहतर होगी।