इंदौर ट्रैफिक अपडेट: अब लवकुश चौराहे से सीधे मरीमाता नहीं जा सकेंगे वाहन, MR-10 से जाना होगा
इंदौर आने-जाने वाले वाहन चालकों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। शहर के सबसे व्यस्त इलाकों में शामिल लवकुश चौराहा अब कुछ दिनों तक यात्रियों की परीक्षा लेने वाला है। यहां निर्माणाधीन डबल डेकर ब्रिज और सर्विस रोड के काम के कारण ट्रैफिक डायवर्सन लागू कर दिया गया है। इसका सबसे ज्यादा असर उज्जैन
इंदौर आने-जाने वाले वाहन चालकों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। शहर के सबसे व्यस्त इलाकों में शामिल लवकुश चौराहा अब कुछ दिनों तक यात्रियों की परीक्षा लेने वाला है। यहां निर्माणाधीन डबल डेकर ब्रिज और सर्विस रोड के काम के कारण ट्रैफिक डायवर्सन लागू कर दिया गया है। इसका सबसे ज्यादा असर उज्जैन की तरफ से आने वाले वाहन चालकों पर पड़ने वाला है।
अब तक जो वाहन सीधे लवकुश चौराहे से मरीमाता की ओर निकल जाते थे, उन्हें अब लंबा रास्ता लेना होगा। यातायात पुलिस ने सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए नया रूट तय किया है। ऐसे में अगर आप रोज इस मार्ग से सफर करते हैं, तो घर से निकलने से पहले नया ट्रैफिक प्लान जान लेना बेहद जरूरी है।
लवकुश चौराहे से सीधे मरीमाता जाना बंद
इंदौर में तेजी से चल रहे ब्रिज निर्माण कार्य के चलते प्रशासन ने लवकुश चौराहा से मरीमाता चौराहे की ओर जाने वाला रास्ता अस्थायी रूप से बंद कर दिया है। यातायात विभाग के अनुसार, डबल डेकर ब्रिज और सर्विस रोड का निर्माण जारी है। भारी मशीनें और निर्माण सामग्री सड़क पर होने के कारण यहां ट्रैफिक का दबाव बढ़ रहा था। इसी वजह से हादसे की संभावना को देखते हुए यह फैसला लिया गया है।
उज्जैन से आने वाले वाहन अब किस रास्ते से जाएंगे?
नए ट्रैफिक डायवर्सन के अनुसार, उज्जैन की ओर से आने वाले वाहन पहले लवकुश चौराहा पार करेंगे। इसके बाद उन्हें सीधे मरीमाता जाने की अनुमति नहीं होगी। वाहन चालकों को यहां से लेफ्ट टर्न लेकर एमआर-10 मार्ग की ओर जाना होगा। इसके बाद एमआर-10 से राइट टर्न लेकर औद्योगिक क्षेत्र वाले रास्ते से बाणगंगा और मरीमाता क्षेत्र तक पहुंचा जा सकेगा। यातायात पुलिस का कहना है कि इस नए रूट से ट्रैफिक का दबाव कम होगा और निर्माण कार्य भी तेजी से पूरा किया जा सकेगा।
किन इलाकों में बढ़ सकता है ट्रैफिक दबाव?
लवकुश चौराहा बंद होने के बाद एमआर-10 और औद्योगिक क्षेत्र वाले मार्ग पर ट्रैफिक बढ़ने की संभावना है। सुबह और शाम ऑफिस टाइम में यहां वाहनों की लंबी कतारें लग सकती हैं। खासतौर पर ट्रक, बस और बड़े मालवाहक वाहनों की संख्या ज्यादा रहने से ट्रैफिक स्लो हो सकता है। इसके अलावा बाणगंगा, मरीमाता और आसपास के क्षेत्रों में भी वाहन चालकों को थोड़ा अतिरिक्त समय लग सकता है। ऐसे में प्रशासन ने लोगों से पहले से प्लान बनाकर निकलने की अपील की है।
ट्रैफिक पुलिस ने किए खास इंतजाम
इंदौर यातायात पुलिस ने डायवर्सन लागू होने के बाद कई जरूरी कदम उठाए हैं। डायवर्सन मार्ग पर बड़े सूचना बोर्ड लगाए गए हैं ताकि वाहन चालकों को रास्ता समझने में परेशानी न हो। इसके अलावा एमआर-10 क्रॉसिंग पर ट्रैफिक सिग्नल भी चालू कर दिए गए हैं।
पुलिसकर्मियों की अतिरिक्त ड्यूटी भी लगाई गई है ताकि किसी तरह का ट्रैफिक जाम न लगे। संबंधित विभागों के साथ मिलकर रोड मैनेजमेंट पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
डबल डेकर ब्रिज से क्या बदलेगा?
लवकुश चौराहा इंदौर का बेहद व्यस्त ट्रैफिक पॉइंट माना जाता है। यहां हर दिन हजारों वाहन गुजरते हैं। शहर में लगातार बढ़ते ट्रैफिक दबाव को कम करने के लिए यहां डबल डेकर ब्रिज बनाया जा रहा है। प्रशासन का दावा है कि इसके बनने के बाद इस पूरे क्षेत्र में ट्रैफिक काफी हद तक आसान हो जाएगा। इसके जरिए उज्जैन रोड, एमआर-10, बाणगंगा और मरीमाता की ओर जाने वाले वाहनों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी। साथ ही जाम की समस्या भी कम होगी।