मध्य प्रदेश मौसम अपडेट, जल्द दोबारा सक्रिय होने वाला है मानसून, आज इंदौर-धार समेत इन जिलों में हल्की बारिश
मध्य प्रदेश में एक बार फिर मौसम बदलने वाला है। अगले एक-दो दिन में मानसून के दोबारा सक्रिय होने से पूर्वी और मध्य हिस्सों में बारिश की गतिविधियां तेज देखने को मिलेगी। रविवार को 28 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की चेतावनी जारी की गई है। इस दौरान मेघगर्जन, आकाशीय बिजली और 40 से
मध्य प्रदेश में एक बार फिर मौसम बदलने वाला है। अगले एक-दो दिन में मानसून के दोबारा सक्रिय होने से पूर्वी और मध्य हिस्सों में बारिश की गतिविधियां तेज देखने को मिलेगी। रविवार को 28 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की चेतावनी जारी की गई है। इस दौरान मेघगर्जन, आकाशीय बिजली और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
आज प्रदेश में अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25 डिग्री सेल्सियस रहने की उम्मीद है। इससे पहले शनिवार को गढ़ाकोटा,जैसीनगर, बंडा, रहली, देवरी, केसली, सागर और शाहगढ़ में भी हल्की से मध्यम बारिश रिकॉर्ड की गई। ग्वालियर सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 38.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस पचमढ़ी में रिकॉर्ड हुआ।
मौसम विज्ञान केन्द्र, भोपाल के मुताबिक, वर्तमान में निम्न दबाव का क्षेत्र और मानसून ट्रफ सक्रिय है। 20 से 22 जुलाई के बीच बंगाल की खाड़ी में नया कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है, जिसके असर से मध्य प्रदेश में मानसून फिर सक्रिय होगा, जिससे बारिश की गतिविधियों में तेजी आएगी और जुलाई अंत में अच्छी बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। इसके असर से अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की क्रमिक गिरावट दर्ज की जा सकती है।
रविवार को कहां कैसा रहेगा एमपी का मौसम
- मध्यम बारिश: रीवा, मऊगंज, मैहर, सीधी, सिंगरौली
- हल्की बारिश: रायसेन, इंदौर, धार, झाबुआ, अलीराजपुर, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, हरदा, बैतूल, नर्मदापुरम, पन्ना, दमोह, सतना, छिंदवाड़ा, सिवनी, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी, उमरिया, शहडोल और अनूपपुर
मध्य प्रदेश में 1 जून से अबतक के बारिश के आंकड़े
- 1 जून से 18 जुलाई 2026 के बीच मध्य प्रदेश में अब तक औसत से करीब 15 प्रतिशत कम बारिश रिकॉर्ड की गई है। इस अवधि में औसतन 9.7 इंच (247.4 मिमी) बारिश हो चुकी है, जबकि सामान्य बारिश 11.4 इंच (281.3 मिमी) मानी जाती है।
- पूर्वी मध्य प्रदेश में औसत से 26% से कम और पश्चिमी मध्य प्रदेश में औसत से 2% से कम पानी गिरा है। देवास में सर्वाधिक सामान्य से 102 प्रतिशत ज्यादा यानि 18 इंच बारिश हुई है। आलीराजपुर केवल सवा दो इंच यानि सामान्य से 74 प्रतिशत कम पानी गिरा है।
- अबतक के आंकड़ों पर गौर करें तो भोपाल, इंदौर, उज्जैन, नर्मदापुरम और ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में स्थिति ठीक है लेकिन जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग के 35 जिले अब भी सूखे हैं।