राम मंदिर दान-चढ़ावा चोरी मामला: कांग्रेस की मांग PM Modi हस्तक्षेप करें, सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच हो, ट्रस्ट भंग किया जाए

अयोध्या राम मंदिर दान और चढ़ावा चोरी मामले में पुलिस एफआईआर और फिर 8 आरोपियों की गिरफ़्तारी के बाद सियासत और तेज हो गई है, एफआईआर में देरी से भड़क रहे नेता अब इस बात पर सवाल खड़े कर रहे हैं कि सरकार बड़े लोगों को क्यों बचा रही है इसमें किसका लाभ है, इधर

Jun 26, 2026 - 14:30
राम मंदिर दान-चढ़ावा चोरी मामला: कांग्रेस की मांग PM Modi हस्तक्षेप करें, सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच हो, ट्रस्ट भंग किया जाए

अयोध्या राम मंदिर दान और चढ़ावा चोरी मामले में पुलिस एफआईआर और फिर 8 आरोपियों की गिरफ़्तारी के बाद सियासत और तेज हो गई है, एफआईआर में देरी से भड़क रहे नेता अब इस बात पर सवाल खड़े कर रहे हैं कि सरकार बड़े लोगों को क्यों बचा रही है इसमें किसका लाभ है, इधर अब तक इस मामले में चुप कांग्रेस पार्टी भी अब मुखर हो गई है और उसने भी कई सवाल खड़े किये है।

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राज्यसभा सदस्य राजीव शुक्ला ने कांग्रेस मुख्यालय में आज मीडिया को संबोधित करते हुए राम मंदिर मामले में कांग्रेस का पक्ष रखा, उन्होंने कहा अभी तक इस मामले में कांग्रेस पार्टी ने आधिकारिक रूप से कुछ नहीं कहा था उसकी वजह ये थी कि हम धार्मिक विषय का राजीनीतिकरण करना नहीं चाहते अब चूँकि एफआईआर हो गई गिरफ़्तारी हो गई यानि सरकार ने भी मान लिया है कि दान चढ़ावे की लूट हुई है।

राजीव शुक्ला ने कहा चोरी का ये एक गंभीर मामला है जो देश के करोड़ों सनातनियों की आस्था से जुड़ा है, उन्होंने कहा विदेशों से फोन आ रहे हैं सवाल पूछ रहे हैं मंदिर में चोरी किसने की? उन्होंने कहा मंदिर के लिए गाँव गाँव से चंदा इकट्ठा किया गया लोगों ने 10-10 रुपये से लेकर हजारों, लाखों रुपये दिए उसको गायब कर दिया और फिर आज एफआईआर हो रही है, गिरफ़्तारी हो रही है तो किसकी, छोटे कर्मचारियों की? क्या किसी बड़े की कोई जिम्मेदारी नहीं है? शुक्ला ने सवाल किया कि क्या करोड़ों की चोरी बिना किसी जिम्मेदार व्यक्ति की मिलीभगत के संभव होगी?

कांग्रेस बोली- अब जिन्होंने राम को लूटा है अब उनकी क्या सजा

राजीव शुक्ला ने कहा भाजपा ने पिछले चुनाव में नारा दिया था जो राम को लाये हैं उन्हें सत्ता में लाइए..तो अब जिन्होंने राम को लूटा है अब उनकी क्या सजा है? उनकी भी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए, कांग्रेस ने कहा इस चोरी ने सबको झटका दिया है, उन्होंने कहा इस चोरी में नगद चढ़ावे की चोरी होती थी उसमें जितनी राशि आई उससे कम दिखाकर चोरी की जाती रही लेकिन जो आभूषण सोने के जेवर महिलाएं चढ़ा गई लोगों ने दान किये उसका तो कोई हिसाब ही नहीं है, कोई रिकॉर्ड ही नहीं है।

BJP मंदिर प्रकोष्ठ पर राजीव शुक्ला ने उठाये सवाल 

सांसद राजीव शुक्ला ने भाजपा के मंदिर प्रकोष्ठ पर सवाल उठाये, उन्होंने कहा हमने शिक्षा प्रकोष्ठ, दलित प्रकोष्ठ सुने थे लेकिन ये मंदिर प्रकोष्ठ क्यों?  यानि ये सुनियोजित तरीके से हो रहा था, मंदिरों के ट्रस्ट पर कब्ज़ा करो वहां अपने लोग बैठाओ, वहां से चंदा चोरी करो और फिर उस पैसे का राजनीतिक इस्तेमाल करो, इससे साफ़ होता है कि भारतीय जनता पार्टी की मंशा क्या है।

सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जाँच, मोदी से हस्तक्षेप की मांग 

राजीव शुक्ला ने कहा ये एक गंभीर मामला है इसलिए कांग्रेस की मांग है कि इसकी जाँच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी होनी चाहिए, राम मंदिर ट्रस्ट को भंग किया जाये और जो धर्माचार्य हैं, शंकराचार्य हैं, साधु संत हैं उनका ट्रस्ट बने जो मंदिर का प्रबंधन देखे, शुक्ला ने कहा ट्रस्ट का संचालन राजनीति से नहीं होना चाहिए , इसमें नेताओं का कोई काम नहीं है भाजपा आरएएस के लोगों का इसमें क्या काम है? और हम चाहते है कि प्रधानमंत्री मोदी इसमें तत्काल हस्तक्षेप करें और एक्शन ले क्योंकि प्राण प्रतिष्ठा उन्होंने की थी बड़ा आयोजन हुआ था मंदिर उनके दिल के भी बहुत करीब है उनकी भी जिम्मेदारी बनती है।