नंबर प्लेट का अनोखा फर्जीवाड़ा, गाड़ी खड़ी थी दूसरी जगह और इंदौर में कट रहे थे चालान, ITMS की मदद से खुलासा

इंदौर: मध्यप्रदेश के इंदौर में यातायात विभाग की आईटीएमएस प्रणाली ने नंबर प्लेट से जुड़े एक अनोखे फर्जीवाड़े का खुलासा किया है। मामला ऐसा है कि गाड़ी किसी और की थी, लेकिन ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के चालान किसी दूसरे वाहन मालिक के नाम पहुंच रहे थे। लगातार चालान पहुंचने के बाद पुलिस से शिकायत […]

Sep 14, 2026 - 21:30
नंबर प्लेट का अनोखा फर्जीवाड़ा, गाड़ी खड़ी थी दूसरी जगह और इंदौर में कट रहे थे चालान, ITMS की मदद से खुलासा

इंदौर: मध्यप्रदेश के इंदौर में यातायात विभाग की आईटीएमएस प्रणाली ने नंबर प्लेट से जुड़े एक अनोखे फर्जीवाड़े का खुलासा किया है। मामला ऐसा है कि गाड़ी किसी और की थी, लेकिन ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के चालान किसी दूसरे वाहन मालिक के नाम पहुंच रहे थे। लगातार चालान पहुंचने के बाद पुलिस से शिकायत की गई।

बता दें कि जैसे ही यह मामला पुलिस के पास पहुंचा तो जांच में सामने आया कि कोई दूसरा व्यक्ति उनकी गाड़ी का नंबर अपनी कार पर लगाकर शहर में घूम रहा था। इसके बाद पुलिस ने ट्रैफिक पॉइंट्स को अलर्ट किया और देवगुराड़िया से तीन इमली के बीच सघन चेकिंग की और आखिरकार पुलिस ने फर्जी नंबर प्लेट वाली गाड़ी पकड़ ली।

क्या है पूरा मामला?

दरअसल, इंदौर में ITMS यानी इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम की मदद से पुलिस ने नंबर प्लेट के एक ऐसे फर्जीवाड़े का खुलासा किया है जिसमें सोनू परमार की एर्टिगा गाड़ी के नंबर पर बार-बार ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के चालान पहुंच रहे थे। जिससे परेशान होकर सोनू ने पुलिस को बताया कि उनकी गाड़ी तो किसी और स्थान पर है फिर उनके नंबर पर चालान कैसे कट रहे हैं?

अलग-अलग नंबर प्लेट लगाकर चला रहा था गाड़ी

उन्होंने आशंका जताई कि कोई व्यक्ति उनकी गाड़ी का नंबर फर्जी तरीके से इस्तेमाल कर रहा है। इस शिकायत के बाद पुलिस ने सभी ट्रैफिक पॉइंट्स को अलर्ट कर दिया। इसी दौरान देवगुराड़िया से तीन इमली के बीच चेकिंग में इसी नंबर की एक दूसरी गाड़ी पुलिस के हाथ लगी। गाड़ी चला रहे व्यक्ति की पहचान दिनेश कुशवाह के रूप में हुई, जो सोनकच्छ, देवास का रहने वाला और पेशे से ड्राइवर है। जिससें पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। दिनेश अपनी गाड़ी पर अलग-अलग नंबर प्लेटों का इस्तेमाल कर रहा था।

पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार

पुलिस के अनुसार, एक उसकी गाड़ी की असली नंबर प्लेट थी, दूसरी में असली नंबर के साथ छेड़छाड़ की गई थी। पुलिस द्वारा गाड़ी रोकने के बाद वही पूछताछ में प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने बताया कि बैंक की किस्त नहीं चुका पाने के कारण अपनी गाड़ी बचाने और असली नंबर प्लेट छिपाने के लिए उसने यह तरीका अपनाया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है और पूरे मामले में आगे की पूछताछ जारी है। प्रारंभिक पूछताछ के बाद पुलिस अन्य जानकारी भी जुटाने में लगी है।

इंदौर से शकील अंसारी की रिपोर्ट