दिग्विजय सिंह ने अयोध्या राममंदिर में रामलला के दर्शन किए, “राहुल गांधी कब आएंगे दर्शन के लिए” इस सवाल का दिया जवाब
वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने धार्मिक नगरी अयोध्या पहुंचकर राम मंदिर में विराजमान रामलला के दर्शन किए। दर्शन के दौरान उन्होंने विधि-विधान से पूजा अर्चना की और देश व प्रदेश की खुशहाली की प्रार्थना की। इसके बाद वे प्रसिद्ध हनुमान गढ़ी मंदिर भी पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान हनुमान के दर्शन कर आशीर्वाद लिया। अयोध्या
वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने धार्मिक नगरी अयोध्या पहुंचकर राम मंदिर में विराजमान रामलला के दर्शन किए। दर्शन के दौरान उन्होंने विधि-विधान से पूजा अर्चना की और देश व प्रदेश की खुशहाली की प्रार्थना की। इसके बाद वे प्रसिद्ध हनुमान गढ़ी मंदिर भी पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान हनुमान के दर्शन कर आशीर्वाद लिया।
अयोध्या दौरे के दौरान दिग्विजय सिंह ने मीडिया से बातचीत में अपनी आस्था व्यक्त करते हुए कहा कि “जब प्रभु का बुलावा आता है, तो हर व्यक्ति अपने आप खिंचा चला आता है। मुझे भी बुलावा आया, इसलिए मैं यहां उपस्थित हुआ। प्रभु के दर्शन करके मन को शांति और संतोष मिला।”
दिग्विजय सिंह ने अयोध्या में रामलला के दर्शन किए
मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने गुरुवार को अयोध्या श्रीराम मंदिर में रामलला के दर्शन किए। प्रभु राम का आशीर्वाद लेने के बाद वे प्रसिद्ध हनुमान गढ़ी मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान हनुमान की भी विधि विधान से पूजा की। इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि जब प्रभु का बुलावा आता है तो हर व्यक्ति आ जाता है। इसलिए जब मुझे श्रीराम का बुलावा आया तो मैं उपस्थित हो गया।
राहुल गांधी को लेकर कही ये बात
पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि श्रीराम के दर्शन कर उन्हें बेहद अच्छा लगा। उन्होंने ये भी कहा कि हमने भी मंदिर निर्माण के लिए योगदान दिया है और कांग्रेस में हर व्यक्ति अपनी अपनी आस्था अनुसार धर्म का पालन करता है। उन्होंने कहा कि हम धर्म का दुरुपयोग न तो व्यवसाय के लिए करते हैं..न राजनीति के लिए करते हैं। दिग्विजय सिंह ने कहा कि चाहे किसी भी धर्म का व्यक्ति हो..वो अपनी आस्था का पालन करें लेकिन धर्म को राजनीति में टूल नहीं बनाया जाना चाहिए। वहीं, जब उनसे ये पूछा गया कि राहुल गांधी यहां दर्शन करने कब आएंगे तो उन्होंने कहा कि जब उनका बुलावा आएगा..वे ज़रुर आएंगे।
बता दें कि दिग्विजय सिंह ने राम मंदिर शिलान्यास के समय कहा था कि वे मंदिर ks पूर्ण निर्माण के बाद ही दर्शन करेंगे। उन्होंने प्राण प्रतिष्ठा समारोह में शामिल नहीं होने का फैसला लिया था और कहा था कि निर्माणाधीन मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा नहीं होती है। उस समय उन्होंने प्राण प्रतिष्ठा समारोह को एक राजनीतिक कार्यक्रम बताया था। आज उन्होंने श्रीराम दर्शन के अपने संकल्प को पूरा किया और एएनआई से बात करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि वे राजनीति के लिए नहीं बल्कि अपनी आस्था के कारण यहां आए हैं।