इंदौर के सारांश जैन को भारतीय टेस्ट टीम में मिली जगह, ऑफ स्पिन ऑलराउंडर को श्रीलंका दौरे के लिए मिला बड़ा मौका
सारांश जैन के भारतीय टेस्ट टीम में चयन के साथ ही इंदौर के क्रिकेट को नई पहचान मिली है। दरअसल बीसीसीआई ने श्रीलंका दौरे के लिए उन्हें पहली बार टेस्ट स्क्वॉड में शामिल किया है। घरेलू क्रिकेट और भारत-ए टीम में लगातार शानदार प्रदर्शन का इनाम अब राष्ट्रीय टीम के रूप में मिला है। वहीं
सारांश जैन के भारतीय टेस्ट टीम में चयन के साथ ही इंदौर के क्रिकेट को नई पहचान मिली है। दरअसल बीसीसीआई ने श्रीलंका दौरे के लिए उन्हें पहली बार टेस्ट स्क्वॉड में शामिल किया है। घरेलू क्रिकेट और भारत-ए टीम में लगातार शानदार प्रदर्शन का इनाम अब राष्ट्रीय टीम के रूप में मिला है। वहीं दो साल बाद इंदौर से किसी खिलाड़ी का टेस्ट टीम में चयन शहर के क्रिकेट प्रेमियों के लिए बड़ी खुशखबरी है।
दरअसल सारांश जैन पिछले कई वर्षों से मध्य प्रदेश की रणजी टीम के अहम खिलाड़ी रहे हैं। उन्होंने सिर्फ गेंदबाजी ही नहीं, बल्कि जरूरत पड़ने पर बल्लेबाजी में भी टीम को कई बार संभाला है। यही ऑलराउंड क्षमता उनके चयन की सबसे बड़ी वजह मानी जा रही है। हाल ही में श्रीलंका दौरे पर भारत-ए टीम के लिए खेलते हुए उन्होंने दो मुकाबलों में पांच विकेट लिए और एक मैच में नाबाद 70 रन बनाकर अपनी उपयोगिता साबित की। चयनकर्ताओं ने उनके इसी संतुलित प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें टेस्ट टीम में जगह दी।
पिता का सपना भी हुआ पूरा
दरअसल सारांश जैन का यह चयन सिर्फ उनके करियर की उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे परिवार के लिए गर्व का पल है। उनके पिता सुबोध जैन भी मध्य प्रदेश के लिए ऑफ स्पिनर रहे, लेकिन उन्हें कभी भारत की टेस्ट टीम में खेलने का मौका नहीं मिला। अब बेटे ने वही सपना पूरा कर दिखाया है। सारांश ने दिसंबर 2014 में मध्य प्रदेश के लिए प्रथम श्रेणी क्रिकेट में डेब्यू किया था। तब से उन्होंने लगातार अपने खेल में सुधार किया और टीम के भरोसेमंद खिलाड़ी बने रहे। 54 प्रथम श्रेणी मुकाबलों में 2,223 रन और 188 विकेट उनके संतुलित खेल की गवाही देते हैं। दो शतक और कई मैच जिताने वाले प्रदर्शन यह बताते हैं कि वह सिर्फ गेंदबाज नहीं बल्कि जरूरत पड़ने पर टीम के लिए उपयोगी बल्लेबाज भी हैं। लंबे समय तक घरेलू क्रिकेट में लगातार अच्छा प्रदर्शन करने के बाद उन्हें आखिरकार राष्ट्रीय टीम का दरवाजा खुलता नजर आया है।
इंदौर क्रिकेट के लिए क्यों खास है यह चयन?
वहीं सारांश जैन का भारतीय टेस्ट टीम में चयन इंदौर के क्रिकेट इतिहास में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। इससे पहले शहर से नरेंद्र हिरवानी, राजेश चौहान, नमन ओझा और रजत पाटीदार जैसे खिलाड़ी भारतीय टेस्ट टीम का हिस्सा रह चुके हैं। खास बात यह भी है कि रजत पाटीदार और सारांश जैन स्थानीय स्तर पर एक ही क्रिकेट क्लब से जुड़े रहे हैं, जो इंदौर की मजबूत क्रिकेट संरचना को दिखाता है। पिछले कुछ वर्षों में मध्य प्रदेश क्रिकेट ने कई प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाया है। ऐसे में सारांश का चयन यह साबित करता है कि घरेलू क्रिकेट में लगातार मेहनत करने वाले खिलाड़ियों को अब बेहतर मौके मिल रहे हैं। श्रीलंका दौरा उनके करियर का सबसे बड़ा अवसर होगा। यदि उन्हें अंतिम एकादश में खेलने का मौका मिलता है और वह अच्छा प्रदर्शन करते हैं, तो भारतीय टेस्ट टीम में अपनी जगह लंबे समय तक मजबूत कर सकते हैं। यही वजह है कि क्रिकेट प्रेमियों की नजर अब उनके प्रदर्शन पर रहेगी और इंदौर को उनसे बड़ी उम्मीदें हैं।