LG मनोज सिन्हा ने जम्मू-कश्मीर पुलिस को चेताया, कहा – ‘आंखों के सामने छिपे खतरों से रहें सतर्क’

देश और समाज की सुरक्षा का संकल्प लेकर जम्मू-कश्मीर पुलिस में 3200 से अधिक युवा कांस्टेबलों का समावेश हुआ है। दरअसल इन नव नियुक्त जवानों को उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने नियुक्ति पत्र प्रदान किए हैं। वहीं इस अवसर पर उन्होंने जम्मू-कश्मीर को आतंकवाद से पूरी तरह मुक्त करने का दृढ़ संकल्प लेने की बात कही

May 21, 2026 - 11:30
LG मनोज सिन्हा ने जम्मू-कश्मीर पुलिस को चेताया, कहा – ‘आंखों के सामने छिपे खतरों से रहें सतर्क’

देश और समाज की सुरक्षा का संकल्प लेकर जम्मू-कश्मीर पुलिस में 3200 से अधिक युवा कांस्टेबलों का समावेश हुआ है। दरअसल इन नव नियुक्त जवानों को उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने नियुक्ति पत्र प्रदान किए हैं। वहीं इस अवसर पर उन्होंने जम्मू-कश्मीर को आतंकवाद से पूरी तरह मुक्त करने का दृढ़ संकल्प लेने की बात कही है।

दरअसल उन्होंने कहा कि हमें लगातार सतर्क और चौकस रहना चाहिए। आज कानून-व्यवस्था के खतरों और आतंकवाद का स्वरूप बदल गया है। इसके लिए निरंतर और अटूट चौकसी की आवश्यकता है। हमें उन खतरों के प्रति भी सतर्क रहना होगा जो हमारी आंखों के सामने ही छिपे रहते हैं। उपराज्यपाल ने यह भी बताया कि नए रंगरूटों को एक टीम के रूप में काम करना चाहिए। जम्मू-कश्मीर जिन चुनौतियों का सामना कर रहा है, उनके लिए विभिन्न एजेंसियों के बीच सहयोग आवश्यक है।

पड़ोसी मुल्क को लेकर दिया बड़ा बयान

वहीं मनोज सिन्हा ने अपने संबोधन में कहा कि भारत ने हमेशा शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व, आपसी सद्भावना और सच्ची मित्रता के मूल्यों को अपनाया है। फिर भी हमें एक ऐसे पड़ोसी का सामना करना पड़ता है जिसे दुनिया में आतंकवाद के स्रोत के रूप में जाना जाता है। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ, नए नियुक्त कांस्टेबलों को राष्ट्रीय सुरक्षा की अग्रिम पंक्ति में खड़ा रहना चाहिए। उनका दृढ़ संकल्प आतंकवाद के खतरों को खत्म करने का होना चाहिए।

जम्मू-कश्मीर को भय से मुक्त कराने का संकल्प

दरअसल उपराज्यपाल ने सभी से कहा कि जम्मू-कश्मीर को भय और आतंकवाद से मुक्त कराने के लिए दृढ़ संकल्प और दक्षता के साथ काम करना ही होगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आतंकवाद अपने आप नहीं चलता। उसे पैसे, नेटवर्क और सहायता प्रणालियों की आवश्यकता होती है। कानून की पूरी शक्ति का उपयोग करते हुए, हमें आतंकवाद के वित्तपोषण के स्रोतों का पता लगाना चाहिए। उन्हें निष्क्रिय करना हमारा कर्तव्य है। हमें हर नेटवर्क की पहचान करनी होगी और हर सहायता प्रणाली को पूरी तरह से खत्म कर देना चाहिए।

जम्मू-कश्मीर पुलिस की हर वर्दी साहस का प्रतीक: उपराज्यपाल

वहीं उपराज्यपाल ने जम्मू-कश्मीर पुलिस की सराहना की। उन्होंने कहा कि सभी नए भर्ती हुए जवान इस महान विरासत के वारिस हैं। वे इस विरासत को और भी समृद्ध करेंगे। जम्मू-कश्मीर पुलिस की हर वर्दी साहस, समर्पण और उद्देश्य की एक कहानी कहती है। यह कहानी देश के इतिहास के ताने-बाने में बुनी हुई है। जब भी आप वर्दी पहनते हैं, तो याद रखें कि आप इसकी विरासत में एक गौरवशाली अध्याय जोड़ रहे हैं। रक्षा और सेवा के उन आदर्शों पर गर्व करें जिनका जम्मू-कश्मीर पुलिस प्रतिनिधित्व करती है। ये आदर्श आपके कर्तव्य और आपके सम्मान, दोनों को परिभाषित करते हैं।

उन्होंने नशीले पदार्थों के खतरे पर भी बात की। मनोज सिन्हा ने बताया कि जम्मू-कश्मीर पुलिस ने नशीले पदार्थों के प्रवेश मार्गों को पूरी तरह से बंद करने के लिए एक व्यापक योजना तैयार की है। मुझे विश्वास है कि आने वाले दिनों में की जाने वाली कार्रवाई सख्त होगी। इससे बड़ी सफलताएं मिलेंगी। इस तरह जम्मू-कश्मीर सुरक्षित और भयमुक्त बन पाएगा।