नीट पेपर लीक पर राहुल गांधी का केंद्र पर तीखा हमला, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग, पीएम मोदी की चुप्पी पर उठाए सवाल
नीट यूजी पेपर लीक मामले को लेकर कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने एक बार फिर केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार किया है। राजस्थान में हुए व्यापक विरोध प्रदर्शनों के बाद राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर सीधा निशाना साधा है। उन्होंने साफ शब्दों
नीट यूजी पेपर लीक मामले को लेकर कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने एक बार फिर केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार किया है। राजस्थान में हुए व्यापक विरोध प्रदर्शनों के बाद राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर सीधा निशाना साधा है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि नीट पेपर लीक ने लाखों छात्रों का भविष्य तबाह कर दिया है, जिससे कई बच्चों ने अपनी जान तक गंवा दी।
राहुल गांधी ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में प्रधानमंत्री मोदी की चुप्पी और निष्क्रियता पर सवाल उठाए। उन्होंने लिखा, “जब मोदी जी इटली में टॉफी खिलाते हुए रील्स बना रहे थे, तब भारत के युवा पेपर लीक से त्रस्त होकर सड़कों पर न्याय की गुहार लगा रहे थे।” कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि इस गंभीर संकट के बावजूद प्रधानमंत्री ने न तो इसकी जिम्मेदारी ली, न ही केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को उनके पद से हटाया और न ही इस विषय पर एक शब्द कहा।
राहुल गांधी ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को दोहराया
राहुल गांधी ने धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की मांग को दोहराया। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई तब तक जारी रहेगी जब तक धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देते और देश में पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोकने के लिए एक मजबूत और सुरक्षित तंत्र स्थापित नहीं हो जाता। उन्होंने भाजपा शासित प्रदेश सरकारों पर भी छात्रों की आवाज दबाने का आरोप लगाया। राहुल ने लिखा, “अब जब छात्र, एनएसयूआई और कांग्रेस के कार्यकर्ता न्याय की आवाज उठा रहे हैं, भाजपा की प्रदेश सरकारें उन पर लाठियां बरसा रही हैं।” उन्होंने चेतावनी दी कि जो सरकार छात्रों के सवालों का जवाब लाठी से देती है, वह जवाबदेही से नहीं बल्कि डर से चलती है, लेकिन कांग्रेस और छात्र डरने वाले नहीं हैं। यह संघर्ष हर उस छात्र के लिए है जिसका भविष्य इस नाकाम सरकार ने छीन लिया है।
जयपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन
इससे पहले, जयपुर में नीट पेपर लीक मामले को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। राजस्थान कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ताओं और वरिष्ठ नेताओं ने भाजपा मुख्यालय की ओर मार्च निकाला। इस मार्च के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प भी हुई। प्रदर्शनकारियों ने नीट में कथित अनियमितताओं को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। डोटासरा ने कहा कि सरकार छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है और कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी।
राहुल गांधी ने अपनी एक अन्य पोस्ट में देश की आर्थिक स्थिति को लेकर भी चिंता व्यक्त की थी। उन्होंने मंगलवार को एक्स पर लिखा था कि देश के सिर पर एक भयंकर आर्थिक तूफान मंडरा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 12 सालों में प्रधानमंत्री मोदी ने जो आर्थिक ढांचा खड़ा किया, वह केवल अडानी और अंबानी जैसे कुछ चुनिंदा उद्योगपतियों के लिए था। राहुल ने आशंका जताई कि अब वही ढांचा भरभराकर ढहने वाला है। उन्होंने चेतावनी दी कि इस आर्थिक गिरावट की चोट उन बड़े उद्योगपतियों को नहीं लगेगी, क्योंकि उनके पास बचने के रास्ते हैं। लेकिन इसका सबसे बुरा असर युवाओं, गरीबों, मध्यमवर्ग, किसानों, मजदूरों और छोटे व्यापारियों पर पड़ेगा, जो कभी इस ढांचे का हिस्सा थे ही नहीं। उन्होंने जनता से अपने आसपास देखने और यह सोचने का आह्वान किया कि क्या वे इस ढांचे का हिस्सा हैं या आने वाले तूफान के शिकार।
जब मोदी जी इटली में टॉफी खिलाते हुए reels बना रहे थे – पेपर लीक से त्रस्त भारत के युवा सड़कों पर न्याय मांग रहे थे।
क्योंकि NEET Paper Leak ने लाखों छात्रों का भविष्य बर्बाद कर दिया। कई बच्चों ने तो अपनी जान तक गंवा दी।
और मोदी जी ने न ज़िम्मेदारी ली, न धर्मेंद्र प्रधान को… https://t.co/mng85oQLcw
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) May 21, 2026