MPPSC भर्ती नियम 2026 में बड़ा बदलाव: नाम हटने के बाद भी मिलेगा दूसरा मौका, 25 हजार रुपए देकर फिर जुड़ सकेंगे उम्मीदवार

मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग ने सीधी भर्ती के जरिए होने वाली नियुक्तियों के नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव किया है। यह बदलाव खासतौर पर उन उम्मीदवारों के लिए राहत लेकर आया है, जो किसी कारणवश समय सीमा के भीतर जरूरी दस्तावेज जमा नहीं कर पाते हैं। पहले ऐसे मामलों में उम्मीदवार का नाम सीधे चयन

Jun 12, 2026 - 12:30
MPPSC भर्ती नियम 2026 में बड़ा बदलाव: नाम हटने के बाद भी मिलेगा दूसरा मौका, 25 हजार रुपए देकर फिर जुड़ सकेंगे उम्मीदवार

मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग ने सीधी भर्ती के जरिए होने वाली नियुक्तियों के नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव किया है। यह बदलाव खासतौर पर उन उम्मीदवारों के लिए राहत लेकर आया है, जो किसी कारणवश समय सीमा के भीतर जरूरी दस्तावेज जमा नहीं कर पाते हैं। पहले ऐसे मामलों में उम्मीदवार का नाम सीधे चयन प्रक्रिया से बाहर हो जाता था, लेकिन अब आयोग ने उन्हें एक अतिरिक्त मौका देने का फैसला किया है। नए नियम लागू होने के बाद अभ्यर्थी निर्धारित शर्तों के साथ दोबारा प्रक्रिया में शामिल हो सकेंगे।

आयोग ने इस संबंध में अपने पोर्टल पर दिशा-निर्देश जारी किए हैं। ये नियम उन भर्तियों पर लागू होंगे, जिनमें लिखित परीक्षा के बजाय सीधे इंटरव्यू या स्क्रीनिंग के आधार पर चयन किया जाता है। आयोग का मानना है कि कई बार तकनीकी या व्यक्तिगत कारणों से उम्मीदवार समय पर दस्तावेज जमा नहीं कर पाते, जिससे उनकी पात्रता प्रभावित हो जाती है। नए नियम का उद्देश्य ऐसे मामलों में एक संतुलित अवसर देना है।

MPPSC दस्तावेज जमा करने के नए नियम क्या हैं?

नए नियमों के अनुसार, यदि कोई उम्मीदवार तय अंतिम तारीख तक अपने दस्तावेज जमा नहीं कर पाता है, तो उसे अतिरिक्त समय दिया जाएगा। अंतिम तिथि समाप्त होने के बाद शुरुआती पांच कार्य दिवस तक उम्मीदवार अपने दस्तावेज जमा कर सकता है। इसके लिए उसे ₹3,000 की लेट फीस जमा करनी होगी। साथ ही उसे यह घोषणा भी देनी होगी कि भर्ती विज्ञापन में बताई गई सभी योग्यताएं वह पूरी करता है।

यह व्यवस्था उन अभ्यर्थियों के लिए काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है, जो अंतिम समय में दस्तावेजों की कमी, तकनीकी परेशानी या अन्य कारणों से आवेदन प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाते। भर्ती विशेषज्ञों का मानना है कि इससे योग्य उम्मीदवार केवल एक छोटी सी प्रशासनिक चूक के कारण चयन प्रक्रिया से बाहर नहीं होंगे। हालांकि आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि अतिरिक्त समय का लाभ केवल निर्धारित अवधि के भीतर ही मिलेगा और उसके बाद नियम और सख्त हो जाएंगे।

₹25 हजार लेट फीस देकर कैसे मिलेगा दूसरा मौका?

यदि कोई उम्मीदवार अतिरिक्त पांच कार्य दिवस की अवधि में भी दस्तावेज जमा नहीं कर पाता है, तो उसका नाम भर्ती प्रक्रिया की सूची से हटा दिया जाएगा। लेकिन यहीं पर नया नियम उम्मीदवारों को एक और अवसर देता है। नाम हटने के बाद भी उम्मीदवार अगले 10 कार्य दिवस के भीतर ₹25,000 की लेट फीस जमा कर दोबारा दस्तावेज प्रस्तुत कर सकता है।

इस प्रावधान का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि योग्य उम्मीदवार केवल समय सीमा चूकने की वजह से पूरी तरह बाहर न हो जाएं। हालांकि आयोग ने बड़ी लेट फीस इसलिए तय की है ताकि उम्मीदवार समय पर प्रक्रिया पूरी करने के प्रति गंभीर रहें। भर्ती मामलों के जानकारों का कहना है कि यह नियम एक तरफ उम्मीदवारों को राहत देता है, तो दूसरी तरफ भर्ती प्रक्रिया की समयबद्धता भी बनाए रखता है।

नए नियमों के लागू होने से सीधी भर्ती में शामिल होने वाले हजारों अभ्यर्थियों को फायदा मिल सकता है। खासकर दूरदराज के क्षेत्रों से आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के लिए यह बदलाव महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब उम्मीदवारों को दस्तावेज जमा करने के लिए अतिरिक्त समय और अंतिम अवसर दोनों मिलेंगे, लेकिन इसके लिए आयोग द्वारा तय शर्तों और समय सीमा का पालन करना अनिवार्य होगा।

 

Anand Sahay पत्रकारिता के क्षेत्र में कई वर्षों का अनुभव है और ब्रेकिंग न्यूज़ तथा राष्ट्रीय खबरों को कवर करने में विशेष रुचि रखते हैं। महत्वपूर्ण घटनाओं का विश्लेषण कर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाता है।