Rajya Sabha Elections: राहुल गांधी का भाजपा पर प्रहार बोले- चुनाव शुरू होने से पहले ही मुकाबला खत्म कर दिया

मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव (Rajya Sabha Elections) के लिए मचा सियासी बवाल अभी थमा नहीं हैं, कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द हो जाने के बाद कांग्रेस ने कल बुधवार को चुनाव आयोग में अपनी याचिका दाखिल की और आज गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की जिसपर कल शुक्रवार को सुनवाई

Jun 11, 2026 - 19:30
Rajya Sabha Elections: राहुल गांधी का भाजपा पर प्रहार बोले- चुनाव शुरू होने से पहले ही मुकाबला खत्म कर दिया

मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव (Rajya Sabha Elections) के लिए मचा सियासी बवाल अभी थमा नहीं हैं, कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द हो जाने के बाद कांग्रेस ने कल बुधवार को चुनाव आयोग में अपनी याचिका दाखिल की और आज गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की जिसपर कल शुक्रवार को सुनवाई होगी लेकिन इस बीच कांग्रेस की तरफ से कोई प्रत्याशी चुनाव मैदान में नहीं होने से भाजपा के तीनों प्रत्याशी निर्विरोध निर्वाचित घोषित हो गुए चुनाव अधिकारी ने उन्हें जीत का प्रमाणपत्र भी दे दिया, अब इसपर राहुल गांधी ने हमला किया है।

नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भाजपा पर बड़ा प्रहार किया है, उन्होंने अपने X एकाउंट पर लिखा- ‘वोट चोरी’ और ‘सरकार चोरी’ के बाद, अब BJP और EC की मिलीभगत ने ‘सीट चोरी’ के ज़रिए चुनाव शुरू होने से पहले ही मुकाबला खत्म कर दिया है। हाल ही में हुए राज्यसभा चुनावों में जो हुआ, उसे देखिए।

राहुल गांधी ने चुनाव आयोग पर साधा निशाना 

राहुल गांधी ने कहा कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन ने सभी ज़रूरी दस्तावेज़ जमा किए थे। उन पर कोई केस भी पेंडिंग नहीं था। फिर भी, EC ने BJP की एक बेबुनियाद आपत्ति पर उनका नॉमिनेशन रद्द कर दिया। वहीं, BJP समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवानी ने फ़ॉर्म में अपना नाम ही गलत लिखा और कई ज़रूरी जानकारी भी नहीं दीं। इसके बावजूद, EC ने उन्हें सब कुछ ठीक करने के लिए और समय दे दिया।

BJP के लिए चुनाव जीतने के मुकाबले धांधली करना ज़्यादा आसान

राहुल गांधी ने कहा चुनाव आयोग वही था। उम्मीदवार दो थे। एक को बिना सुनवाई के ही अयोग्य घोषित कर दिया गया। दूसरे को नियमों का पालन न करने के बावजूद फ़ायदा पहुँचाया गया। जब कांग्रेस ने मीटिंग की मांग की, तो EC ने पहले तो हमें टालने की कोशिश की। जब आख़िरकार हमारी मुलाक़ात हुई, तो उन्होंने एक शब्द भी नहीं कहा। आगे भी आपको ऐसा ही बहुत कुछ देखने को मिलेगा – क्योंकि BJP के लिए चुनाव जीतने के मुकाबले चुनाव में धांधली करना कहीं ज़्यादा आसान है।

ऐसे चला पूरा घटनाक्रम 

आपको बता दें कांग्रेस ने दिग्विजय सिंह का कार्यकाल समाप्त होने के बाद खाली हुई एक मात्र सीट पर मीनाक्षी नटराजन को उम्मीदवार बनाया था, भाजपा ने खाली हुई अपनी दो सीटों पर तरुण चुघ और रजनीश अग्रवाल को प्रत्याशी बनाने के बाद महेश केवट को तीसरे प्रत्याशी के रूप में घोषित कर दिया जिसके बाद वोटों का गणित गड़बड़ा गया और कांग्रेस को क्रॉस वोटिंग का डर सताने लगा, पार्टी अपने विधायकों की बाड़ाबंदी कर बेंगलुरु ले जाने लगी लेकिन इसी बीच कांग्रेस प्रत्याशी के नामांकन फॉर्म में अपराधिक मामला छिपाने का आरोप भाजपा ने लगाया और आपति दर्ज कराई जिसके बाद चुनाव अधिकारी ने जाँच कर नियमों का हवाला देकर नामांकन रद्द कर दिया।